collapse
...

सरकार ने जताई गंभीर चिंता

भोपाल में हुए अजाक्स प्रांतीय अधिवेशन में IAS अफसर संतोष कुमार वर्मा द्वारा ब्राह्मण समाज की बेटियों को लेकर दिए गए विवादित बयान के बाद राज्य सरकार ने उन्हें नोटिस जारी किया है

सामान्य प्रशासन विभाग के नोटिस में कहा गया है कि 23 नवंबर 2025 को हुए प्रांतीय अधिवेशन में वर्मा का बयान भारतीय प्रशासनिक सेवा से अपेक्षित आचरण के अनुरूप नहीं है। इसे अनुशासनहीनता, स्वेच्छाचारिता और गंभीर कदाचार के रूप में देखा गया है।

नोटिस में IAS वर्मा से पूछा गया है कि ऐसे कृत्य पर उनके खिलाफ अखिल भारतीय सेवाएं अनुशासन एवं अपील नियम 1969 के तहत कार्रवाई क्यों न की जाए। सरकार ने 7 दिन के भीतर जवाब देने को कहा है और जवाब न आने पर एकपक्षीय कार्रवाई की चेतावनी दी गई है।

image-1764181178-1.jpg

विवादित बयान

23 नवंबर को भोपाल के अंबेडकर मैदान में हुए प्रांतीय अधिवेशन में सीनियर IAS अधिकारी वर्मा को प्रांताध्यक्ष चुना गया था। इसी अवसर पर उन्होंने कहा था,
"एक परिवार में एक व्यक्ति को आरक्षण तब तक देना चाहिए, जब तक मेरे बेटे को कोई ब्राह्मण अपनी बेटी दान नहीं देता या उससे संबंध नहीं बनता।"

बयान का वीडियो सामने आने के बाद विरोध तेज हो गया।

राजनीतिक और समाजिक प्रतिक्रिया

  • बीजेपी के प्रदेश मंत्री लोकेंद्र पाराशर ने कहा कि बेटी किसी की भी हो, सबकी बेटी समान पूज्य हैं। उन्होंने IAS अधिकारी के बयान को घिनौना करार दिया और कानून एवं समाज से सख्त कार्रवाई की मांग की।
  • राष्ट्रीय सनातन सेना के अध्यक्ष भगवती प्रसाद शुक्ल ने कहा कि इस तरह के बयान समाज को तोड़ने वाले हैं। उन्होंने कहा कि जो भी वर्मा का विरोध करेगा, उसे 51 हजार रुपए का इनाम मिलेगा।
  • अखिल भारतीय ब्राह्मण समाज ने एमपी नगर थाने के सामने प्रदर्शन कर वर्मा के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग करते हुए ज्ञापन सौंपा। इसमें महिलाएं भी शामिल थीं।
  • मंत्रालय अधिकारी-कर्मचारी संघ ने डिप्टी सीएम राजेंद्र शुक्ला को ज्ञापन सौंपा और कार्रवाई की मांग की।

    ias-santosh-verma-nmb-1.jpg

अजाक्स अध्यक्ष पद पर असर

वहीं, अजाक्स अध्यक्ष पद को लेकर भी खींचतान जारी है। संघ के एक धड़े के अध्यक्ष मुकेश मौर्य ने कहा कि पूर्व अपर मुख्य सचिव जेएन कंसोटिया ने रिटायरमेंट के बाद अवैध रूप से तीन बार संघ की आमसभा बुलाई है। नए अध्यक्ष के रूप में मुकेश मौर्य का पंजीकरण रजिस्ट्रार फर्म्स एंड सोसाइटी कार्यालय में हो चुका है, इसलिए जल्द ही सरकार द्वारा उन्हें अजाक्स का नया अध्यक्ष घोषित किया जा सकता है।


Share: